
मैं तुम्हें इसलिए सलाह नहीं दे रहा हूँ कि मैं ज़्यादा समझदार हूँ.. बल्कि इसलिए दे रहा हूँ कि मैंने ज़िंदगी में ग़लतियाँ तुमसे ज़्यादा की हैं

मैं तुम्हें इसलिए सलाह नहीं दे रहा हूँ कि मैं ज़्यादा समझदार हूँ.. बल्कि इसलिए दे रहा हूँ कि मैंने ज़िंदगी में ग़लतियाँ तुमसे ज़्यादा की हैं