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P*rn Addiction का Brain और Relationship पर असर | Explained By Dr Riya

जितने भी पोर्नहब वेबसाइट पे story है ना उसमें मोस्टली इट इज अबाउट फिजिकल अग्रेशन। हैव यू सीन एनी इंपैक्ट व्हेन पीपल कम टू यू एस से कि यार यह तो अग्रेसिव है बेड पे। पास्टबेशन इज नॉट हार्मफुल अंटिल यू आर डूइंग इट इन लिमिट। सी व्हाट्स अ लिमिट? एक और चीज़ बताओ पोर्न की हमने बीच में बात की, राइट? आई वांट टू नो हाउ पोर्न चेंजेस सर्टेन बिहेवियर। जैसे मैंने रीड कर रहा था कि जितने भी पोर्न हब वेबसाइट पे  है ना उसमें मोस्टली इट इज़ अबाउट

फिजिकल अग्रेशन। राइट? एंड जब कोई इंसान उसको देखता है ना तो उसको भी ये फील होता है कि दिस इज अ नॉर्मल वे ऑफ़ डूइंग सेक्स कि अग्रेशन इज अ पार्ट ऑफ़ सेक्स। क्योंकि उसको तो वही फील हो रहा है जो वो देख रहा है। राइट? हम मूवीस पे जो देखते हैं वही बिहेव करते हैं। हैव यू सीन एनी इंपैक्ट व्हेन पीपल कम टू यू एस कि यार ये तो अग्रेसिव है बेड पे और ही स्लैप्स

मी और वाइसवरसा हम एंड इट इज़ डायरेक्टली लिंक टू पोर्न। तो मुझे इफेक्ट्स बताओ। गुड थिंग्स अबाउट पोर्न एंड बैड थिंग्स अबाउट पोर्न। गुड थिंग्स अबाउट पोर्न ये है कि वो आपको बॉडी अवेयर करती है। उनको पता चलता है कहां करना होता है, कैसे करना होता है। नहीं तो ऐसे भी कपल्स हैं जो दोनों वर्जन है उन्हें पता ही नहीं करना कहां है या कैसे करना है। तो उनको करते-करते भी छ महीने लग जाते हैं। जस्ट टू अंडरस्टैंड कि सेक्स करते

कैसे हैं। ओके हां। तो ऐसे भी केसेस हैं जहां वो बोलते हैं हो ही नहीं पा रहा है। तो फिर वी टेक देयर काउंसलिंग्स एंड हेल्प देम। तो आप बॉडी अवेयर होते हो। आपको पता चलता है। आपको ये समझ में आता है कि सेक्स होता कैसे है। थोड़ा शेम कम होता है या आपको रिस्पांस समझ में आता है कि कोई कैसे रिस्पांस करता है। आप जो चीजें आपको उससे नहीं सीखनी है वो ये कि जो भी आपको उस पे दिख रहा है दैट इज स्क्रिप्टेड स्क्रिप्टेड टू गिव यू किक। हम्म डोपामिन के लिए। एक्जेक्टली किक इन द फॉर्म यू फील दिस इज दिस। जैसे जब एनिमल

मूवी में देख के आई मैंने आते ही रील डाली एंड इट वेंट वायरल। बिकॉज़ मैंने उस रील में यही बोला था एनिमल होल मूवी व्हाई वी आर क्रेविंग फॉर इट बिकॉज़ इट इज जस्ट गिविंग यू अरेट एन अपडेट। हां। वो आपको किक दे रही है। आपको हां तो आपको ऐसा लग रहा है ये भी हो सकता है? हां। इतना मारधाड़, इतनी खून खराबा इतना पापा। समथिंग दैट इज डिफरेंट एंड शॉकिंग फ्रॉम नार्मल। बेस लाइन से ऊपर है ना कुछ? एक्जेक्टली।

और आप वो पूरी मूवी देखो तो उसमें कोई इमोशन, कोई लॉजिक नहीं है। ठीक है? इट इज जस्ट दैट इट जस्ट वेंट ऑन। इट्स शॉक वैल्यू। हां। तो आपको हर स्टेप पे ऐसा लग रहा है हां हां तो आप मतलब आप इतना खुल गए आपको इतना ज्यादा एक्सपोज़र मिल गया कि अब आपको एनिमल से ऊपर कुछ चाहिए करेक्ट उसने आपको इतना खोल दिया ठीक है तो ऐसी मूवीज ना हमें एक किक देती है और हम उन्हें छोड़ नहीं पाते हमें उसमें कुछ नहीं चाहिए हमें सिर्फ वो फिक्शन चाहिए वो जो

चल रहा है बस हमें किक्स चाहिए तो ये सारी मूवीस बनाई इसलिए जाती हैं कि आपको नया मिले कुछ अलग मिले और आप उसे क्रेव करो तो आप नॉर्मल बनाएंगे तो कौन देखेगा हम्म ये तो पहले ही ऑलरेडी 10 हजार वीडियोस हम्म। तो व्हाट दे डू इज, दे मेक दे गिव यू पेंस, दे गिव यू वैरायटी, दे टेल यू यह कपड़े पहनो। देयर वास अ टाइम व्हेन द पोर्न्स वर मेड इन टर्म्स ऑफ़ गुड क्लोथ्स। हम्म ऐसे नेल्स बढ़ा के ऐसे-ऐसे करके। नाउ दे आर मेकिंग इट सो फिल्थी एंड डर्टी। हम्म ऑल द

वीडियोज़ शॉर्ट इन ब्रोथल्स और समथिंग आर गेटिंग वायरल। क्यों? क्योंकि अब आपको डर्ट भी पसंद आ रही है। आपको इनकी भी पसंद आ रही है। आपको अनशेव्ड पीपल भी पसंद आ रहे हैं। आपको कैसा भी पसंद आ रहा है। एंड वही आप कैरी करते हो फिर बेडरूम में। और फिर आप इसको रॉ देखना चाह रहे हो। आपको लगता है अरे ये तो बनी बनाई है। मैं रॉ देख रहा हूं। तेरे को ये नहीं पता जो तू रॉ देख रहा है वो भी उन्होंने स्क्रिप्ट करी हुई है। बट डू यू एडवाइस पीपल टू वाच पोर्न टुगेदर? कपल्स कपल्स कैन वाच इट। अच्छा कपल्स

कैन वाच इट बट ओनली थिंग आई वांट देम टू अंडरस्टैंड इज डोंट कंपेयर। हम्म पोर्न्स आर नॉट टू कंपेयर। दे आर ओनली टू हेल्प यू टू कम अप विद एन हॉर्मोन एंड यूज़ इट। ठीक है? स्टिमुलेशन के लिए। हां। बट अगर आप सिर्फ कंपेयर करते हो ऐसा ही साइज होना चाहिए। ऐसा ही दिखना चाहिए बॉडी पार्ट यू शुड लुक लाइक दैट और योर साइज शुड लुक लाइक दैट तो फिर वो गलत है वो फिर सब खराब कर बट ऐसा नहीं होगा अगर मैं हर बार पोर्न देख के सिमुलेट हो रहा हूं सो माय डिपेंडेंसी ऑन

पोर्न इज़ गेटिंग इंक्रीजिंग ए्री टाइम डेफिनेटली बट इफ यू आर विद योर पार्टनर एंड यू बोथ आर डूइंग इट टुगेदर और लाइकिंग इट और मिक्सिंग एंड मैचिंग इट इट्स फाइन पोर्न्स आर मेड फॉर कपल्स नॉट फॉर द सिंगल्स बट नाउ सिंगल्स आर कंज्यूमिंग इट मोर कपल तो डरे हुए हैं कि ऐसा कुछ मांग लेगी तो कैसा होगा बहुत सारे स्पिरिचुअल गुरुज मैं स्पेसिफिक किसी का नाम नहीं लूंगा हम दे एडवाइस नॉट टू मास्टरबेट राइट [गला साफ़ करने की आवाज़] जैसे इट्स अ पार्ट ऑफ़ स्पिरिचुअल

ग्रोथ एंड जर्नी दैट यू हैव टेकन। अब उस केस में आप क्या एडवाइस करते हो? मास्टरबेशन इज़ गुड और बैड? मास्टरबेशन इज़ नॉट हार्मफुल अंटिल यू आर डूइंग इट इन लिमिट। सी व्हाट्स द लिमिट? लिमिट इज डिफरेंट फॉर पर्सन टू पर्सन। ठीक है? इसमें ही फिर मैं एरोटिक इंटेलिजेंस की बात करूंगी कि आपको पता होना चाहिए कि मेरी बॉडी के लिए क्या कितना लेवल ठीक है। जैसे रोना इज गुड और बैड। हम्। नहाना इज़ गुड और बैड। ठीक है? मैं आपको एक का एक छोटा सा इंस्टेंस देती हूं। अभी ठंड चल रही है। मेरे बेटे ने बोला मम्मी रोज क्यों नहाना होता है? हम्। तो मैंने [नाक से की जाने वाली

आवाज़] बोला नहाना होता है। हम्म कि नहाना ही होता है। यह तो सब तब तब से चल रहा है। तो ही सेड नहीं नहाना होता। कहते कहां लिखा है? मैंने कहा यू कैन Google. हां। सिंपल सा। तो मैंने उसे बोला Google कर ले।” उसने अलेक्सा से पूछा Alexa इज इटेंट फॉर अ 12 ईयर ओल्ड बॉय टू बेथ डेली?” Alexa ने बोला नो। Google पे लिखा है कि 12 साल के बच्चे को चार दिन एक बार नहाना इज फाइन? हां। आई वास लाइक नहीं मैंने क्यों नहीं पढ़ा यह? मैं क्यों रोज नहा के जाती

थी? तो बात क्या है कि नहाना भी रोज नहीं है। Google मना कर देता है उसका। ठीक है? आये ये बिलीव करता है कि हमारी बॉडी सात धातुओं से बनी है। ठीक है? तो वो बोलता है कि पहले रस आएगा, फिर रक्त आएगा, फिर मांस आएगा, फिर मेद आएगा, फिर अस्थि है, फिर मज्जा है, फिर शुक्र है। सो देयर इज़ अ प्रोसेस। ठीक है? सो शुक्र दैट मींस योर स्पर्म इज़ गेटिंग प्रोड्यूस्ड आफ्टर सिक्स स्टेप्स ऑफ़ ग्रोथ। हम तो अगर आप रस नहीं

बचा रहे हो तो रक्त नहीं बनेगा। रक्त नहीं बचा रहे हो तो अगला स्टांस नहीं बनेगा। फिर ब्लड नहीं बनेगा। फिर मास नहीं बनेगा। फिर अस्थि नहीं बनेगी। तो योर बोनस, योर फैट्स एवरीथिंग इज कंज्यूम। तो बोलते हैं सी इफ यू हैव सीन पीपल ऑन सोशल मीडिया सेइंग कि एक स्पर्म इतने सारे उसको ले जाते हैं। एवरीथिंग बिकॉज़ दे आर आये प्रीचर्स। ठीक है? तो वो बिलीव करते हैं कि आप राजसिक चीजें फॉलो करो। वो लाइफ फॉलो करो जिसमें रोज सुबह जल्दी उठना है। ये करना है। अगर आप वैसा लाइफ स्टाइल चस कर रहे हो आप स्ट्रेसफुल नहीं हो।