
16 साल की लड़की को ब्लू फिल्म देखने की लत लग जाती है और इस लत के चलते वह अपने ही घर के कुत्ते के साथ संबंध बनाने लगती है दोस्तों आइए बताते हैं आपको पूरी कहानी अगर आप इस कहानी को देख रहे हैं तो पूरी देखिएगा क्योंकि इस प्रकार की घटनाएं किसी के भी साथ हो सकती है आपके आस पड़ोस में दाएं बाएं इधर-उधर कहीं भी इस प्रकार की घटनाक्रम घटित हो सकता है इसलिए इस प्रकार की घटनाओं को आपको ध्यान में रखना
चाहिए जिससे कि आने वाले समय में यदि कोई ऐसी घटना होने को हो तो आप उसको पहले से पहले रोक सके चाहे वो आपके खुद के घर में हो चाहे हमारे घर में हो या किसी और के घर में हो या पड़ोसी पड़ोसी के हो चलिए दोस्तों पूरी कहानी आपको सुनाते हैं घटना है जम्मू कश्मीर की जम्मूकश्मीर में रहने वाला एक कुशल परिवार पिता का एक बहुत अच्छा व्यापार था माता भी एक सरकारी सर्विसमैन थी और एक ही लड़की थी जिसका नाम था मीना मीना पढ़ने में बड़ी होशियार थी और अपने क्लास में टॉप आया करती थी लेकिन दोस्तों कहते हैं ना कि हवा लगने में देर नहीं लगती यह उम्र ही ऐसी होती है जिसमें आने के बाद अगर कोई
दूसरा व्यक्ति अगर कुछ समझा दे तो वो बात जल्दी समझ में आ जाती है अपने माता-पिता की समझ में नहीं आती है तो दोस्तों होता क्या है कॉलेज में एक लड़की जिसका नाम माया था वो एक दिन रीना से कहती है कि तुम अपने फोन पर कुछ देखती नहीं हो क्या क्या तुम अपने फोन में कुछ उस टाइप की पिक्चर्स नहीं देखती वो लड़की कहती है नहीं मुझे इस टाइप का कोई शौक नहीं है मैं इस टाइप का शौक नहीं रखती लेकिन वो जो उसकी फ्रेंड होती है वो कहती है कि कि जब तुम एक बार इस तरह की पिक्चर देख लोगी तो तुम्हारा दिल खुद उसको ही करने को करेगा तुम्हें ऐसा लगेगा
कि दुनिया में इसके अलावा सब कुछ बेकार है तुम एक बार मेरे कहने से इसको ट्राई करके देखो वो लड़की कहती है कि मैं इस तरह की नहीं हूं और मुझे ये सब पसंद नहीं है लेकिन उसकी जो सहली थी वो बड़ा बिगड़े हुए टाइप की थी तो वो कहती है कि चलो एक बार तो ट्राई करो जीवन में कुछ भी काम एक बार ट्राई करना चाहिए दोस्तों मैं यहां पर ये कहना चाहता हूं कि ऐसे लोगों से ऐसे बच्चों से अपने बच्चों को हमेशा बचा के रखें क्योंकि क्या पता इस टाइप का बच्चा आपके बच्चे को कब बिगाड़ दे चाहे वो आपका भाई बहन हो चाहे वो हमारा भाई बहन हो ऐसे बच्चों से अपने
बच्चों को हमेशा बचा कर रखें फिर वो कहती है कि एक बार देखो मन करेगा तुम्हारा हमेशा के लिए अब वो कहती है चल ठीक है दे दे किस तरह से देखनी है मुझे बता दे वो लड़की उसके फोन में एक वेबसाइट का लिंक भेज देती है और लिंक भेजने के बाद में वो लड़की घर जाके अपने माता-पिता के साथ खाना पीना खाती है खाना खाने के बाद उसे याद आता है कि उसकी फ्रेंड ने उसे एक लिंक दिया था जो वीडियो उसको देखनी है अब वो अपने घर में आ जाती है खाना पना खाके आराम से बिस्तर पर लगा के लेटी होती है फिर वो वीडियो खोलती है और देखती है तो उसे बड़ा अजीब सा लगता है बड़ा घिनौना जैसा लगता है अगले दिन स्कूल जाती है अपनी फ्रेंड से कहती है ये तूने मुझे किस प्रकार
की पिक्चरें दे दी बड़ी ही गंदगी उसमें फैला रखी थी इस टाइप की पिक्चर मुझे बिल्कुल भी अच्छी नहीं लगी मुझे देखकर बड़ा घिन स लगी अच्छा नहीं लगा उसकी सहेली कहती है अरे पागल तू अब जवान हो चुकी है तुझे इन सब चीजों से घिल लग रही है तुझे बुरा लग रहा है तो इसको रोज देख धीरे-धीरे देखना तुझे इतना आनंद आएगा इसमें इतना मजा आएगा तुझे लगेगा कि दुनिया ही यही है वह कहती है चलो ठीक है एक बार और ट्राई करती हूं अब वो घर पर अकेली रहती थी तो उसके पास सिर्फ एक कुत्ता था वो घर में अपने रहती थी एक कुत्ता एक मोबाइल माता-पिता पर चले जाते थे तो इसलिए अकेली रह जाती थी तो वो अब वो लगातार अपने घर पे वही पिक्चरें देखती रहती थी दोस्तों अब धीरे-धीरे उसे मजा आने लगा था और अब
इसी क्रिया क्रम को इसी चीज को होते-होते एक महीना गुजर चुका था और जब एक महीना गुजरने को आया दोस्तों तो उसके मन में अजीब अजीब तरह की उत्तेजना जागृत होने लगी और अब वो इस चीज को करने के लिए बहुत ज्यादा उतावली होने लगी उसको अब ये लग रहा था कि अब जैसे इन पिक्चर्स में हो रहा है वैसे मैं भी असलियत में करूं अब घर में कोई और तो था नहीं सिर्फ एक कुत्ता था तो वह अपने कुत्ते को ही पकड़ लेती है अपने पास लिटाल लेती है और टालने के बाद उसके साथ निर्वस्त्र हो जाती है और काफी कोशिश करती है लेकिन कुत्ता तो कुत्ता है वो ठीक से कुछ कर नहीं पाता तो उसकी जो उत्तेजना थी जो उसकी भावनाएं थी वो अधूरी रह जाती है वो अगले दिन अपने स्कूल जाती है और अपनी उसी सहेली से कहती है कि यार मेरा अब यह पिक्चर देखने के बाद वही सब करने का मन करता है अब कोई व्यवस्था करो जिससे कि मेरा कुछ हो सके वो लड़की कहती है तुम एक काम करो तुम एक
अपना बॉयफ्रेंड बना लो और मैं तुम्हें एक लड़के का नंबर देती हूं तुम उससे बात कर लो लड़का हट्टा कट्टा तंदुरुस्त लड़का है उसकी उम्र लगभग 25 26 साल है और वह तुम्हारी हर ख्वाहिश पूरी करेगा बहुत अच्छा लड़का है अब जो है वो उसको नंबर दे देती है मीना घर पर अपने आ जाती है घर आने के बाद अपने फोन से फोन लगाती है और उधर से वो लड़का बोलता है हेलो मैं विमल बात कर रहा हूं वह कहती है ठीक है मैं आपका नाम जानती हूं और मैं आपको अच्छी तरह से जानती हूं लड़का कहता है कि आप मुझे कैसे जानती हैं आपको मेरे बारे में कैसे पता व कहती है कि मैं आपके बारे में सब कुछ जानती हूं लड़के को थोड़ा घुमा है धीरे-धीरे लड़का पूछने लगता है कि आपको मेरा नंबर किसने दिया तो व कहती है कि आपका नंबर मुझे एक मेरी फ्रेंड ने दिया है और मैं आपसे फ्रेंडशिप करना चाहती हूं यह सुनकर वह लड़का तुरंत राजी हो जाता है क्योंकि आप तो जानते ही हैं लड़के अगर कोई लड़की किसी लड़के के पास फोन करे तो लड़का तुरंत राजी हो जाता है अब वो राजी हो गया दोनों
लोगों बातें होने लगी कॉल प बात होती थी पूरे पूरे दिन ये लोग कॉलिंग प बात करते रहते थे लगातार कॉल चलती रहती थी क्योंकि घर प कोई रहता नहीं था मम्मी पापा काम पे लड़का भी पूरे दिन लगातार लगा रहता था अब कॉल पर बात करते करते धीरे धीरे ये लोग ीडियो कॉल पे आ गए वीडियो कॉल पे तो फिर इन लोगों ने एक नया ही खेल शुरू कर दिया जो कि आजकल सभी प्रेमी प्रेमिका प्रेम के नाम पर जो कर रहे हैं कपड़े उतार कर न्यूट वीडियो कॉलिंग शुरू हो जाती है दोस्तों अब इन लोगों के बीच में न्यूड वीडियो कॉल एक दूसरे को देखना निर्वस्त्र इस प्रकार के वीडियो कॉल्स और अब इन लोगों के बीच कोई पर्दा नहीं रहा था अब कमी रह गई थी सिर्फ मिलने की और वो जगह तलाशने की जिस जगह पर ये मिल सके विमल ने एक दिन कह दिया कि यार फोन पर बात करते करते वीडियो कॉल करते करते बहुत ज्यादा टाइम हो गया अब किसी दिन हम लोग मिल लेते हैं मीना भी कहने लगी मैं भी यही सोच रही थी क्यों ना किसी ना दिन मिल लिया जाए अब होता क्या है एक दिन मीना के
मम्मी पापा तो घर पर रहते ही नहीं थे एक दिन वो उसे फोन करती है और कहती है कि तुम मेरे घर पर ही आ जाओ विमल तुरंत उसके घर पहुंच जाता है क्योंकि नजदीक में ही रहता था विमल घर पहुंचता है जब वो घर के अंदर जाता है तो मीना उसको चाय नाश्ता बिस्कुट और नाश्ता वगैरह उसका कराती है थोड़ी देर यही सब होने के बाद में विमल और मीना कमरे में चले जाते हैं मीना उसको निर्वस्त्र करके और उसके साथ संबंध स्थापित करने लगता है अब जबक पहली बार था तो मीना को इस बड़ा दिक्कत हो रही थी बहुत परेशानी हो रही थी लेकिन वो 25 26 साल का लड़का उसको कहां छोड़ने वाला था मीना मना कर रही थी लेकिन वो जो है अपने मन की हसरत पूरी करता रहा जब तक कि उसका मन नहीं भर गया उसको एकदम 16 साल की नई जवान लड़की मिल गई तो इस प्रकार व लड़का कहां छोड़ने वाला था अब दोनों के बीच संबंध स्थापित हो जाते हैं और संबंध स्थापित होने के बाद में विमल अपने घर आ जाता है मीना अपने घर में आराम से रहती है फर्स्ट टाइम था तो उसको भी उसमें अच्छा लगा पसंद आया यह सब अब यह
तो एक बार हुआ था लेकिन अब ये रोजाना का शुरू हो गया अब यह सिलसिला रोजाना का शुरू हो चुका था दोस्तों उधर माता-पिता जॉब पर जाते और यह लड़की अपने घर पर अपने बॉयफ्रेंड को बुला लेती थी वो आता था पूरे पूरे दिन रुका रहता था जब मम्मी पापा के जाने का समय होता था तभी घर से जाता था अब अगर घर पर कोई व्यक्ति आएगा तो अड़ोस पड़ोस के लोग तो देखते ही है पड़ोस के लोगों ने देख लिया और यह बात मीना के पिता महेंद्र को बताई महेंद्र ने जब अपनी बेटी से पूछा कि बेटा यह सब क्या हो रहा है मोहल्ले वाले इस तरह की बातें कह रहे हैं क्या तुम इस प्रकार किसी लड़के को को बुलाती हो या कोई लड़का इस तरह से घर पर आता है तो मीना कहने लगती है नहीं नहीं पिताजी यह सब लोग झूठ बोल रहे हैं ये लोग हमारी तरक्की और हम लोग कुशल है इसीलिए ये लोग हम लोगों से चिड़ते हैं इसलिए मेरे बारे में अफवाह उड़ा रहे हैं ऐसा कुछ भी नहीं है हमारे घर पर कोई भी लड़का नहीं आता है और मैं अपने घर पर अकेली रहती हूं और मेरे साथ में अपना ये डॉगी रहता है मेरे पास समय बिताने के लिए एक ही डॉगी और मेरा
मोबाइल ही काफी है मुझे किसी और की कोई जरूरत नहीं नहीं है अब यह बात मीना की मम्मी को ही पता लगती है मीना की मम्मी तो इस चीज को मान जाती है लेकिन मीना के पिताजी के मन में यह बात बैठ जाती है वो समझ जाते हैं कि कहीं ना कहीं कुछ जरूर होगा तभी ये मोहल्ले वाले सब लोग इस बात को कह रहे हैं अगले दिन मीना के पिताजी काम पर निकलते हैं मीना की मम्मी भी काम पर निकलती है मीना की मम्मी तो अपने काम पर चली जाती है लेकिन मीना के पिताजी अपने काम पर नहीं जाते हैं वो पड़ोस में ही रहने वाले अपने एक दोस्त के घर पे जाकर उसके घर में जाकर बैठ जाते हैं और उस समय का इंतजार करने लगते हैं जब वो लड़का उनके घर पर आएगा अब मीना को तो लगा मम्मी पापा गए वो तुरंत उसको फोन करती है और अपने घर बुला लेती है मीना के पिताजी भी पीछे-पीछे पहुंचते हैं कमरे का दरवाजा खोलते हैं
और दरवाजा खोलकर एंट्री करते हैं तो यह दोनों लोग संबंध बनाने की तैयारी ही कर रहे थे तब इनको पकड़ लिया जाता है जब पिताजी रंगे हाथ पकड़ लेते हैं तो मीना झेप जाती है और विमल तो वहां से रफूचक्कर हो जाता है मीना को उसके पिताजी बहुत डांटते हैं और समझाते हैं कि बेटा इस तरह की हरकतें अच्छी नहीं है मीना माफी मांगने लगती है अपने पिता के पैरों में गिर जाती है और कहती है पिताजी आज जो गलती हुई वो आज के बाद दोबारा कभी नहीं होगी अब पिता तो पिता होते हैं पिता का दिल बहुत बड़ा होता है पिता इस चीज को मान जाते हैं और कहते हैं चलो बेटा कोई बात नहीं लेकिन अब तुम आज के बाद इस प्रकार की कोई भी हरकत मत करना इससे हमारे परिवार पर बहुत गंदा असर जाएगा लोग सोचेंगे कि एक लड़की को भी ठीक से पाल ना सके मीना कहती है पिताजी आज के बाद आपको कोई बात सुनने को नहीं मिलेगी लेकिन कहते हैं ना दोस्तों जिसको इस प्रकार का चस्का लग चुका हो उसको अब कुछ भी रास नहीं आएगा मीना भी कुछ दिन तो शांत रहती है फिर उसके कुछ दिन बाद फिर विमल को फोन करती है और अपने घर बुलाने
को कहती है विमल कहता है कि तुम्हारे पिताजी आ गए तो वो कहती है कि पिताजी दिन में काम प रहते हैं दिन में ममी भी काम प रहती है और हो सकता है मम्मी पापा दिन में छापा मार दे और हम पकड़े जाए तो अब एक काम करते हैं तुम अब रात में आ जाया करो मैं रात में अपने माता-पिता को नशे की दवाई दे दिया करूंगी वो तुम मुझे एक मेडिकल सेला करर दो अब होता क्या है वो जो लड़का विमल था वो मेडिकल प जाता है और नशीली दवाइयां लाकर मीना को दे देता है मीना रात में अपने पिता को और माता को वो दवा खाने में मिलाकर खिला देती थी और दोनों लोग वो सो जाते थे उसके बाद य विमल को बुलाकर उसके साथ पूरी पूरी रात शारीरिक संबंध स्थापित करती थी एक दिन अचानक से मीना के पिता की आंख खुल गई और उन्होंने विमल और मीना को रंगे हाथ निर्वस्त्र संबंध बनाते हुए पकड़ लिया अब यह देखकर एक पिता को कितना बुरा लगा होगा यह चीज आप खुद भी समझ सकते हैं दोस्तों विमल को उन्होंने बहुत डांटा और समझाया कि तुम देखो मेरी बेटी का साथ छोड़ दो इस तरह की हरकत बहुत गलत है मीना भी कहने लगी
कि पिताजी अब ये आखिरी बार है अब मैं आज के बाद ऐसा कुछ नहीं करूंगी पिता भी कहते हैं बेटी की गलती है लड़के से ज्यादा कुछ कह नहीं सकते तो वह विमल को जाने देते हैं और मीना को भी माफ कर देते हैं और अब मीना कुछ दिन तक सही रहती है लेकिन एक नई उमर हाथ में मोबाइल और इस तरह की पिक्चर देखना तो उत्तेजना पर कंट्रोल कर पाना फिर भी उसके बस की बात नहीं थी अब मीना कहती है कि विमल देखो हम लोगों का मिलना पॉसिबल नहीं रहा है अब तुम जब भी मेरे घर पर आओगे तो तुम एक धारदार हथियार लेकर आना जिससे कि मैं अपने माता-पिता को रास्ते से हटा सकूं क्योंकि यदि यह दोनों रहेंगे तो हम दोनों का मिलना पॉसिबल नहीं है विमल लड़की की बातों में आकर जब उसके घर पे जाता है तो एक धारदार हथियार लेकर जाता है
धारदार हथियार लेकर जाने के बाद मीना उससे कहती है कि जाओ मैंने अपने माता-पिता को नशे की दवा खिला रखी है तुम जाकर उन पर हमला कर दो और उनको हमारे रास्ते से हटा दो विमल भी नया नया भूत जाता है और उन दोनों को धारदार हथियार से प्रहार करके तब तक प्रहार करता है जब तक कि व दम नहीं तोड़ देते और उसके बाद वो दोनों घर में माता-पिता की लाश पड़ी हुई है और व दोनों संबंध स्थापित करते हैं और सुबह के जब चार बज जाते हैं तब मीना विमल को तो अपने घर से निकाल देती है और शोर मचाने लगती है कि अरे देखो देखो किसी ने मेरे माता पिता को मार दिया और रोने लगती है बहुत बुरी तरह से चीक चीख कर रोने लगती है रोने का ड्रामा करती है अब अड़ोस पड़ोस के लोग आ जाते हैं वो देखते हैं पूरा दृश्य तो सब लोगों की आंखें फटी की फटी रह जाती है फिर जब पड़ोसी होते हैं वो मीना से पूछते हैं कि मीना जब यह सब हुआ तब तुम क्या कर रही थी मीना कहती है कि मैं जब मीना कहती है जब मैं क इधर आई तो एक व्यक्ति मेरे माता-पिता पर हमला कर रहा था लगातार हमला कर रहा था मैं ये देखकर डर गई और मैं दूसरे कमरे में
जाकर छुप गई अगर मैं वहां उसके सामने रहती तो सकता था वो मुझे भी मार देता इसलिए मैं कमरे में जाकर छुप गई और फिर मैंने शोर मचाना शुरू कर दिया और जैसे ही वो निकला तो मैंने शोर मचाना शुरू कर दिया अब माता-पिता की मृत्यु हुई थी रात के 12 बजे के लगभग और मीना जो बात बता रही थी वो सुबह 4:00 बजे के लगभग पड़ोसियों को मीना पर शक तो था ही एक पड़ोसी ने तुरंत पुलिस को फोन कर दिया और पुलिस आ जाती है पुलिस पूछती है कि मीना बताओ जिस समय तुम्हारे माता-पिता की मृत्यु ई तब क्या हो रहा था क्या कर रही थी मीना ने फिर से वही कहानी बताई पुलिस को उस समय तो यकीन सा हुआ और नहीं हुआ पुलिस तो पुलिस होती जब पुलिस यह सब पूछ रही थी जो मीना का जो कुत्ता था वो लगातार मीना पर भौक रहा था पुलिस को कहीं ना कहीं शक तो हो ही चुका था कि इसमें कहीं ना कहीं मीना इवॉल्व जरूर है लेकिन अकेली लड़की रह गई थी तो उस समय उसे गिरफ्तार नहीं किया गया कुछ जब दो जब पोस्टमार्टम रिपोर्ट आई तो उसमें समय मृत्यु का था 12:00 बजे लेकिन ला ने जो समय बताया था वो 400 बजे के आसपास पुलिस मीना को उठाकर लाती है और उससे पूछती है सक्ति से पूछती है और कहती है कि यह
बताओ तुम्हें यह सब करने की क्या जरूरत थी मीना कहती है मैंने ऐसा कुछ भी नहीं किया है मैं इस तरह अपने माता-पिता के हत्या नहीं कर सकती मीना कहती है मैंने कुछ भी नहीं किया है मैं इस तरह से अपने माता-पिता की हत्या नहीं कर सकती आप लोगों को गलतफहमी हुई है काफी शक्ती करने के बाद जब मीना टूट नहीं रही थी तो पुलिस को भी लगता है क्या पता कुछ हम लोगों से भी गलती हो रही हो लेकिन फिर मीना की कॉल डिटेल निकाली जाती है तो उसमें सबसे ज्यादा बात होने वाला नंबर विमल का पाया जाता है अब इन दोनों की कॉल डिटेल निकाली जाती है कॉल डिटेल मैच करने के बाद में जब लोकेशन मैच करी जाती है तो उस रात विमल और मीना घर पर ही थे इस बात से पुलिस तुरंत हरकत में आ जाती है और इन दोनों को उठाकर सीधे थाने लाया जाता है थाने में लाकर जब शक्ति से इ लोगों से पूछा जाता है तो दोनों लोग पुलिस के सामने ज्यादा टिक नहीं पाते हैं और अपना जुर्म कर लेते हैं दोस्तों इस कहानी को सुनाने का मतलब दोस्तों माता-पिता को अपने बच्चों पर ध्यान रखना चाहिए कि उनके बच्चे अपने फोन में क्या देख रहे हैं क्या कर रहे हैं और क्या सर्च कर रहे हैं फोन चला रहे हैं तो बाकी फोन में फोन ही चला रहे हैं या कुछ ऐसी वैसी गंदी चीज तो नहीं देख रहे हैं यदि गेम खेल रहे हैं तो गेम ही खेल
रहे हैं कहीं वो किसी और वेबसाइट पर तो नहीं जा रहे हैं बीच-बीच में फोन चेक करते रहना चाहिए सर्च हिस्ट्री चेक करते रहना चाहिए कि बच्चों ने क्या क्या देखा है क्या-क्या सर्च किया है और उनके मन में किस प्रकार के ख्याल चल रहे हैं किस प्रकार के भाव चल रहे हैं इन चीजों को बीच-बीच में जांच रहना चाहिए दोस्तों किसी भी बच्चे को बिगड़ने में जरा देर नहीं लगती क्योंकि उम्र का जो तकाजा होता है ये कच्ची उम्र जो होती है इस उम्र में किसी भी बच्चे को बिगड़ने में देर नहीं लगती है दोस्तों आप ये कहानी कौन से शहर से देख रहे थे अपने शहर का नाम कमेंट में जरूर लिखिए आपको कहानी कैसी लगी यस या नो में कमेंट दीजिएगा दोस्तों हम आपको नई कहानी में मिलते हैं इसी प्रकार की तब तक के लिए नमस्कार इस कहानी का उद्देश्य किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं है किसी के दिल को ठेस पहुंचाना नहीं है
किसी भी प्रकार की अनैतिकता या अश्लीलता को बढ़ावा देना नहीं है यह कहानी केवल शिक्षा के उद्देश्य से समाज को जागरूक करने के उद्देश्य से एक सामाजिक संदेश देने के उद्देश्य से और आपका मनोरंजन करने के लिए सुनाई गई है इस कहानी में दिखाए गए सभी पात्र उनके नाम बदल दिए गए हैं मित्रों मिलते मित्रों मिलते हैं आपसे किसी और नई कहानी में तब तक के लिए Thankyou ❤️
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